भवानी का भजन
तेरा जय जयकारा होवे मेरी माता मेरे झोले में खुशियां भर दे, तेरा भजन गाता। तेरा मंदिर दुर्गम मार्ग से खींच कर मुझे लाता, ऊंचे पहाड़ों पर ठोकरें खाता रजत आता। तेरा माता हर ख़ुशी हर गम में जय-जयकारा लगाऊं, सुबह शाम मैं तेरी आरती मंत्रावली गाऊं। तेरी पूजा संसार करता ही है, तेरे इलावा मैं किसके और मंदिर जाऊं? माता मेरा विवाह कराने की कृपा कर, धन्य मैं पहले ही हूँ तेरे मंदिर में दर्शन पाकर। कोई सुशील नेक कन्या से भेंट करा दे, मेरा उससे शीघ्र ही विवाह करा दे। सेहत का मुझे स्वस्थ कर, शत्रुओं को मुझसे ध्वस्त कर। मेरे इर्द-गिर्द तू गश्त कर, रजत को विजय आश्वस्त कर। ॐ ऐं ह्रीं क्लीं दुर्गा देव्यैः नमः ॐ नमः शिवाय। ॐ नमः कमलवासिन्यैः स्वाहा ॐ नमो भगवते वासुदेवाय। ॐ ऐं सरस्वत्यै नमः जय हमारे परमपिता की, जय हमारे पित्तरों की। जय पृथ्वी माता। जय यमुना माता। जय गंगा माता। जय राजा भारत की। जय राजा विक्रमादित्य की। जय भारत। जय हिन्द। और भी भगवानों की प्रार्थना करें क्लिक करें namastekavi....